सच के लिए शहीद: विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस को समर्पित रशियन हाउस में चर्चा!
(नैवेद्य पुरोहित) "सरहदों पर कुछ तनाव है क्या, कुछ पता तो करो चुनाव है क्या?" — जब रशियन हाउस, नई दिल्ली के सभागार में यह शेर गूंजा, तो सन्नाटा छा गया। मौका था मंगलवार 29 अप्रैल को रशियन हाउस, नई दिल्ली में 'विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस' को समर्पित अवसर पर आयोजित संगोष्ठी और प्रदर्शनी "सच के लिए शहीद - Martyrs for the Truth" का, जिसमें रूसी और भारतीय पत्रकारों ने मिलकर स्वतंत्र पत्रकारिता की चुनौतियों, साहसिक योगदानों और वैश्विक मीडिया के एकतरफा दृष्टिकोण पर गंभीर चर्चा की। एंबेसी ऑफ़ द रशियन फेडरेशन- रशियन हाउस, नई दिल्ली द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में 11 प्रमुख वक्ताओं को बुलाया गया था। इनमें रूसी पत्रकारों के साथ-साथ भारतीय पत्रकारिता जगत की जानी-मानी हस्तियां शामिल थीं, जिनमें डॉ. एलेना रेमिज़ोवा, पेत्र सिज़ोव, एवगेनी डेविडोव, बृज मोहन सिंह, अलेक्ज़ेंडर गायक, प्रीति प्रकाश, डॉ. तिलक झा, रुसलान इमाव, मनीष झा, के. बी. कपूर और राकेश बटब्याल शामिल थे। उनकी बातों ने मीडिया, युद्ध और सच्चाई के उस रिश्ते को सामने रखा, जिसे अक्सर मुख्यधारा के मंचों से खा...